क्राइम रिपोर्टर,राजदार सागर। हवाला के जरिए करोड़ों रुपए यहां से वहां भेजने का नया रूट सामने आया है। हवाला कारोबारी किस तरह से पुलिस को चकमा देने के लिए कारों को मॉडिफाइड करा रहे हैं,यह जानकर आप भी चौंक जाएंगे। सिवनी हवाला कांड ना होता तो शायद यह राज भी नहीं खुलता। पुलिस अधिकारियों का ट्रिपल-S यानी सबक, सख्ती और सजगता ने यह बड़ी उपलब्धि दिलाई है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने एक-एक गतिविधि पर नजर रखी तो पूरा कैश मालखाने में है। यहां तारीफ करनी होगी मोतीनगर थाना प्रभारी जसवंत सिंह राजपूत की, जिन्होंने अपनी टीम पर भरोसा करने से ज्यादा वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के मार्गदर्शन में हवाला से जुड़ी अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। सोमवार देर रात रतौना के पास महाराष्ट्र पासिंग कार से 3 करोड़ 98 लाख रुपए बरामद किए गए। 500 और 200 के नोट कार की पीछे की सीट के नीचे मोडिफाइड कर बनाए गए लोहे के बॉक्स में रखे मिले। कैश के साथ पकड़े गए मुंबई के दो एजेंट जरिए पुलिस अब कटनी और महाराष्ट्र की मलाड के बड़े हवाला कारोबारी तक पहुंचाने की तैयारी में है। जबलपुर से आई इनकम टैक्स की टीम भी पूरी पड़ताल कर रही है।
एजेंटों को कटनी बायपास पर खड़ी मिली मॉडिफाइड कार, इसमें पहले से कैश रखा था
माेतीनगर पुलिस की पूछताछ में पता चला है कि 20 हजार रुपए प्रति ट्रिप के हिसाब से हवाला का कराेड़ाें रुपए कटनी से वाया सागर भोपाल इंदौर होते हुए महाराष्ट्र के मलाड पहुंचाया जा रहा था। कार मालिक और ड्राइवर को खाने-पीने अाैर पेट्राेल खर्च के अलावा हवाला की तय रकम दी जाती थी। बताया जा रहा है कि जबलपुर,कटनी, सागर, भोपाल और इंदौर रूट से पहले भी महानगरों के बीच हवाला का कारोबार चलता रहा है। यह कार भी इस रूट से पहले गुजर चुकी है। मलाड के बड़े हवाला काराेबारी ने कटनी पहुंचने के बाद एजेंट को बताया कि उसे कटनी बायपास पर कार खड़ी मिलेगी, जिसे लेकर आना है। यहां खड़ी कार क्रमांक एमएच 45 बीबी 8843 में पहले से तैयार बाॅक्सनुमा विशेष बाॅडी में नाेट रखे थे। कार मालिक व ड्राइवर यहां से कार लेकर रवाना हाे गया। सिवनी हवाला कांड के बाद माेतीनगर पुलिस ने हवाला के रुपए बरामदगी में पूरी सावधानी बरती। सबसे पहले वरिष्ठ पुलिस अधिकारियाें काे सूचित किया। इसके बाद कार की घेराबंदी की। देर रात रताैना के पास कार काे राेक लिया। पुलिस के अनुसार हवाला का रुपया कार मालिक मुकुंद देवड़ा व उसका ड्राइवर राजेश पटेल ले जा रहा था। इसके पहले भी एक बार दाेनाें इस रूट से निकले थे।
इस कार में चार करोड़ रुपए तक ही रखे जा सकते था
पूछताछ में पता चला है कि इस कार में 4 कराेड़ तक की रकम ही रखी जा सकती है। इससे ज्यादा रकम लाने- ले जाने के लिए क्षमतानुसार अलग बाॅडी वाली कार का इस्तेमाल किया जाता है। माेतीनगर थाना प्रभारी जसवंत सिंह राजपूत ने बताया कि पुलिस अधीक्षक विकास शाहवाल, एडिशनल एसपी लाेकेश सिन्हा, सीएसपी ललित कश्यप के मार्गदर्शन में कार्रवाई की गई।













